आरोपी की गिरफ्तारी के बाद खुला जाम, तीन घंटे तक बाधित रहा यातायात
महराजगंज। सदर कोतवाली क्षेत्र के अमूर्तिया स्थित पासी टोला में एक झोलाछाप डॉक्टर के इलाज के दौरान 18 वर्षीय युवती की मौत के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बन गई घटना से आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया और मुख्य मार्ग पर जाम लगा दिया।
जानकारी के अनुसार, मृतका मोनिका को पिछले दो दिनों से बुखार था। रविवार की शाम हल्का बुखार होने पर परिजन उसे बैकुंठपुर चौराहे पर स्थित एक कथित डॉक्टर के पास ले गए। आरोप है कि डॉक्टर ने परिजनों के विरोध के बावजूद युवती को इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन लगते ही उसकी हालत अचानक बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई।
घबराए परिजन उसे तत्काल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवती की मौत की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मर्चरी हाउस पहुंच गए। इसके बाद आक्रोशित लोगों ने शव को लेकर नगर तिराहे तक मार्च किया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया।
करीब तीन घंटे तक चले इस प्रदर्शन के दौरान यातायात पूरी तरह ठप रहा। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सदर कोतवाली समेत आसपास के थानों की पुलिस मौके पर तैनात रही। अधिकारियों के हस्तक्षेप और समझाने के बाद मामला शांत हुआ।
सदर कोतवाल निर्भय सिंह ने बताया कि मृतका के पिता की तहरीर पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपी झोलाछाप डॉक्टर को गिरफ्तार कर लिया गया है। इसके बाद परिजनों ने जाम समाप्त किया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।


