ग्राम प्रधान व सचिव पर विकास कार्यों में गड़बड़ी का आरोप, जांच व मुकदमे की मांग
हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो
महराजगंज। सिसवा ब्लॉक की ग्राम सभा चनकौली में विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा अब खुलकर सामने आने लगा है। ग्राम प्रधान और सचिव पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने जिला मुख्यालय पहुंचकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा और जल्द कार्रवाई न होने पर क्रमिक प्रारंभ कर दिया है ।
ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में विभिन्न विकास योजनाओं के नाम पर सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया है और कई कार्यों में फर्जी भुगतान कर अनियमितताएं की गई हैं। उनका कहना है कि इस पूरे मामले की शिकायत पहले ही जिलाधिकारी से की जा चुकी है, जिसके बाद जांच के आदेश भी दिए गए थे। लेकिन अब तक जांच पूरी नहीं हुई और न ही उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक की गई है, जिससे ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि सूचना के अधिकार के तहत जानकारी उपलब्ध कराने के नाम पर करीब 20 हजार रुपये की अवैध वसूली की गई। ग्रामीणों का कहना है कि यह वसूली नियमों के खिलाफ है और प्रशासन से इस राशि को वापस दिलाने की मांग की गई है।
इसके साथ ही ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि ग्राम पंचायत के कुछ विकास कार्यों का भुगतान प्रधान के बेटे की फर्म के नाम पर कराया गया है, जिससे हितों के टकराव और वित्तीय अनियमितता की आशंका जताई जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए तो कई और अनियमितताएं सामने आ सकती हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जिलाधिकारी द्वारा दिए गए जांच आदेश के आधार पर जांच शीघ्र पूरी कर उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए, दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाए तथा सूचना के नाम पर ली गई 20 हजार रुपये की राशि वापस कराई जाए।
समाजसेवी रामसनेही निषाद समेत कई ग्रामीणों ने कहा कि समय रहते कोई कार्रवाई नहीं हुई जिससे बाध्य होकर जिला मुख्यालय पर क्रमिक अनशन शुरू किया गया है।
ज्ञापन देने वालों में अवधेश कुमार, श्रीराम सैनी, रवि धारिया, वल्लू शर्मा, हरिपाल निषाद, सुकई भारती, महेंद्र भारती, निरंजन और सुभाष सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी मौजूद रहे। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में हुए कथित भ्रष्टाचार की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई होने तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

