हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो
भिटौली/महराजगंज। भिटौली थाना क्षेत्र के ललकारपुर गांव में एक दलित महिला द्वारा लगाए गए मारपीट, जातिसूचक टिप्पणी और जान से मारने की धमकी के आरोपों के मामले में न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद पुलिस ने प्रधान प्रतिनिधि के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट के आदेश पर भिटौली पुलिस ने अभियोग पंजीकृत कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ललकारपुर निवासी लीलावती पत्नी दीनानाथ ने न्यायालय में प्रस्तुत प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया था कि 8 जनवरी 2026 को वह अपनी पुत्री के ससुराल राजमंदिर जा रही थीं। इसी दौरान नहर के समीप उनकी मुलाकात गांव के प्रधान प्रतिनिधि अजय पटेल उर्फ पिंटू से हुई। महिला का कहना है कि उन्होंने पूर्व में आरोपी को 30 हजार रुपये दिए थे और उसी रकम की मांग करने पर विवाद उत्पन्न हो गया।
पीड़िता के अनुसार, रुपये मांगने से नाराज आरोपी ने कथित रूप से जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए उन्हें अपमानित किया तथा विरोध करने पर मारपीट की। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि शोर-शराबा सुनकर मौके पर पहुंची एक अन्य महिला ने बीच-बचाव कर उन्हें बचाया। इसके बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए वहां से चला गया।
महिला का कहना है कि घटना के बाद उन्होंने स्थानीय पुलिस को सूचना दी, लेकिन कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद पुलिस अधीक्षक को भी शिकायत भेजी गई, किंतु मामला आगे नहीं बढ़ा। न्याय न मिलने पर पीड़िता ने एससी/एसटी एक्ट न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
मामले की सुनवाई के बाद विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट, महराजगंज ने आरोपों को गंभीर मानते हुए भिटौली पुलिस को प्राथमिकी दर्ज कर विधिक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। न्यायालय के आदेश के अनुपालन में पुलिस ने आरोपी अजय पटेल उर्फ पिंटू के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
भिटौली थाना प्रभारी के अनुसार न्यायालय के आदेश पर संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।

