हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो महराजगंज
महराजगंज। सदर विकास खंड के ग्राम रूधौली के मंगलपुर टोला में खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) रोग का एक मामला सामने आने के बाद पशुपालकों में चिंता बढ़ गई है। एक गाय और उसके बच्चे में इस संक्रामक बीमारी के लक्षण मिलने से ग्रामीणों ने पशु स्वास्थ्य सेवाओं और टीकाकरण अभियान की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े किए हैं।
ग्रामीणों के अनुसार मंगलपुर टोला निवासी पशुपालक कौशलेश दुबे की गाय बीते कुछ दिनों से बीमार है। पशु के मुंह में छाले पड़ गए हैं तथा खुरों में सूजन और घाव की शिकायत है। बीमारी के कारण गाय का चारा-पानी कम हो गया है, जिससे उसकी शारीरिक स्थिति कमजोर होती जा रही है।
पशुपालक का आरोप है कि उनके पशु का कई वर्षों से खुरपका-मुंहपका रोग के विरुद्ध टीकाकरण नहीं किया गया। उनका कहना है कि सरकारी स्तर पर टीकाकरण अभियान चलाए जाने की जानकारी तो मिलती रही, लेकिन गांव में न तो कोई टीकाकरण दल पहुंचा और न ही पशुओं को वैक्सीन लगाई गई।
वहीं, ग्रामीणों का भी कहना है कि क्षेत्र में पशु चिकित्सकीय सेवाएं अपेक्षित स्तर पर उपलब्ध नहीं हैं। उनका आरोप है कि पशु चिकित्सक और टीकाकरण कर्मी गांवों में नियमित रूप से नहीं पहुंचते, जिसके कारण पशुपालकों को समय पर उपचार और टीकाकरण का लाभ नहीं मिल पाता।
एक गाय और उसके बच्चे में संक्रमण की पुष्टि के बाद आसपास के पशुपालकों की चिंता और बढ़ गई है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए तो बीमारी अन्य पशुओं में भी फैल सकती है। खुरपका-मुंहपका रोग को पशुओं में तेजी से फैलने वाली संक्रामक बीमारी माना जाता है, जिससे दुग्ध उत्पादन में गिरावट आती है और पशुपालकों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ता है।
ग्रामीणों ने पशुपालन विभाग से प्रभावित पशु का समुचित उपचार कराने, क्षेत्र में स्वास्थ्य जांच शिविर लगाने तथा सभी पशुओं का विशेष टीकाकरण अभियान चलाने की मांग की है, ताकि बीमारी के प्रसार को रोका जा सके।

