स्कूली बच्चों की पढ़ाई प्रभावित, मरीजों को अस्पताल पहुंचाना बना चुनौती
महराजगंज जनपद के बोदना बाजार से कटखोर तक जाने वाला पक्की सड़क मार्ग इन दिनों बदहाली की मार झेल रहा है। सड़क पर जगह-जगह बने बड़े गड्ढे और जलभराव ने लोगों का आवागमन मुश्किल कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क अब विकास की नहीं, बल्कि खतरे और परेशानी की पहचान बन चुकी है।
स्थानीय लोगों के अनुसार बारिश शुरू होते ही सड़क पर चार से पांच फीट तक पानी बहने लगता है, जिससे पूरा मार्ग तालाब जैसा नजर आने लगता है। जलभराव के कारण गांव का संपर्क निचलौल, ठूठीबारी और जिला मुख्यालय महराजगंज से लगभग कट जाता है। ऐसे हालात में सबसे अधिक परेशानी स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों को उठानी पड़ रही है।
ग्रामीणों ने बताया कि बरसात के दौरान बच्चे स्कूल तक नहीं पहुंच पाते, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होती है। वहीं गंभीर मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। कई बार एम्बुलेंस तक गांव के अंदर नहीं पहुंच पाती। सड़क पर पानी भरे गड्ढों के कारण आए दिन बाइक सवार दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि कई बार प्रशासन और संबंधित विभाग से शिकायत की गई, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिला है। सड़क निर्माण और मरम्मत को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लोगों में प्रशासन की कार्यशैली को लेकर नाराजगी साफ दिखाई दे रही है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि बोदना बाजार से कटखोर तक सड़क का जल्द निर्माण कराया जाए, ताकि बरसात के दिनों में लोगों को राहत मिल सके और गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से बना रहे।
अब लोगों के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर जिम्मेदार अधिकारी कब जागेंगे? क्या किसी बड़े हादसे के बाद ही प्रशासन हरकत में आएगा, या फिर ग्रामीणों को यूं ही बदहाल सड़क पर जोखिम भरा सफर तय करना पड़ेगा।

