डीजल के दाम ने बढ़ाई किसानों की मुश्किलें, जिम्मेदारों पर खामोशी का आरोप
हर्षोदय टाइम्स/विवेक कुमार पाण्डेय
महराजगंज। जनपद में सिंचाई संकट लगातार गहराता जा रहा है। नहरों में पानी न आने से किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। आपको बताते चलें कि रवि की फसल की बुवाई अक्टूबर से ही शुरू हो जाती है, लेकिन दिसंबर महीने के बावजूद अभी तक नहरों में पानी नहीं पहुंचा है। ऐसे में गेहूं, सरसों, मटर जैसी फसलों की सिंचाई को लेकर किसान बेहद चिंतित हैं।
डीजल का दाम लगभग 100 रुपये प्रति लीटर होने से किसानों की परेशानी और बढ़ गई है। मजबूरी में किसान महंगे दामों पर डीजल खरीदकर अपने खेतों की सिंचाई कर रहे हैं। उनका कहना है कि बढ़ती लागत और घटती पैदावार के बीच खेती अब घाटे का सौदा बनती जा रही है।
इस मुद्दे पर जब स्थानीय जनप्रतिनिधियों और नेताओं से बात की गई, तो उन्होंने समस्या को स्वीकारते हुए आश्वासन दिया कि सिंचाई विभाग से बातचीत कर जल्द नहरों में पानी छोड़वाया जाएगा। हालांकि किसानों का आरोप है कि हर साल ऐसा ही भरोसा दिया जाता है, लेकिन जमीनी स्थिति नहीं बदलती।
किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द नहरों में पानी न छोड़ा गया तो वे आंदोलन करने को विवश होंगे।

