हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो महराजगंज
महराजगंज। नेपाल सरकार द्वारा 26 सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रतिबंध लगाने का फैसला वहां के लिए भारी पड़ गया है। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमले के आरोपों के बीच नेपाल के कई शहरों में विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। पुलिस और आंदोलनकारियों की भिड़ंत में कई लोगों के हताहत होने की खबर है। हालात बिगड़ने पर भैरहवा और बुटवल जैसे प्रमुख शहरों में कर्फ्यू तक लगा दिया गया।

नेपाल की इस हलचल का सीधा असर भारत-नेपाल सीमा पर दिखाई दे रहा है। महराजगंज जिले की सोनौली सीमा पर पुलिस और एसएसबी ने सुरक्षा घेरा कड़ा कर दिया है।
एसपी सोमेंद्र मीना ने बताया कि नेपाल की परिस्थितियों को देखते हुए इंडो-नेपाल बॉर्डर को हाई अलर्ट पर रखा गया है। जल्द ही महराजगंज पुलिस, एसएसबी और नेपाल सुरक्षा बल नो-मैन्स लैंड पर संयुक्त गश्त शुरू करेंगे।
सीमा चौकियों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। सोनौली कस्बे और आसपास के इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है। एसएसबी की 66वीं वाहिनी और पुलिस टीम हर वाहन और यात्री की बारीकी से जांच कर रही है। बस स्टैंड और टेंपो स्टैंड पर यात्रियों से परिचय पत्र मांगे जा रहे हैं।
इसी बीच 22वीं वाहिनी एसएसबी के जवान नो-मैन्स लैंड पर नेपाल से आने-जाने वालों की तलाशी ले रहे हैं। रोडवेज बस स्टैंड, प्राइवेट बस अड्डा, टैक्सी स्टैंड और होटलों में डॉग स्क्वायड व सीसीटीवी की मदद से जांच अभियान चलाया जा रहा है। संदिग्ध और लावारिस वाहनों पर खास नजर रखी जा रही है।
फिलहाल नेपाल से भारत की ओर आवागमन रोक दिया गया है। सुरक्षा कारणों से वाहनों की आवाजाही भी बंद है। एसपी सोमेंद्र मीना ने कहा कि सीमा क्षेत्र के सभी थानों को अलर्ट कर दिया गया है और हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। नेपाल का यह फैसला वहां की राजनीति और समाज को हिला रहा है, वहीं महराजगंज सीमा की सुरक्षा और स्थानीय जनजीवन पर भी इसका असर गहराता जा रहा है।


