हर्षोदय टाइम्स ब्यूरो
महराजगंज। सिसवा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम सभा चनकौली में ग्राम प्रधान व सचिव पर सरकारी धन के दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से निष्पक्ष जांच की मांग की है। ग्राम निवासी रामसनेही पुत्र गोपाल सहित अन्य ग्रामीण आशा, बलवंती, कैलाशी, हीरामती, अवधेश कुमार, दीपक कुमार, भीम बाली गुप्ता, श्रीराम, प्रभुनाथ आदि का कहना है कि 5 जनवरी और 9 जनवरी को शपथ पत्र के माध्यम से शिकायत देने के बावजूद एक माह बीत जाने पर भी मामले की जांच शुरू नहीं हुई है। शिकायत जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय में लंबित बताई जा रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, पिछले 10 वर्षों के कार्यों की जानकारी के लिए सूचना का अधिकार (आरटीआई) के तहत आवेदन किया गया था, जिसमें अधूरी सूचना प्रदान की गई। उपलब्ध कराए गए बिल-वाउचर की गांव स्तर पर जांच करने पर कथित तौर पर कई अनियमितताएं सामने आईं। आरोप है कि प्राथमिक विद्यालय के एक कक्ष को सचिवालय दर्शाकर पंचायत भवन मरम्मत के नाम पर लाखों रुपये का भुगतान किया गया।
इसके अलावा ग्राम प्रधान जयप्रकाश यादव पर अपने पुत्रों व परिजनों के नाम मजदूर दिखाकर राज्यवित्त मद से भुगतान कराने तथा अपने पुत्र के नाम संचालित निजी फर्म ‘मां लक्ष्मी हार्डवेयर एंड बिल्डिंग मटेरियल’ को लाखों रुपये का भुगतान कराने का भी आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि मुख्यमंत्री पोर्टल पर की गई शिकायत में सचिव द्वारा भ्रामक रिपोर्ट लगाकर मामले को दबाने का प्रयास किया गया।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से 15 दिन के भीतर जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए सरकारी धन की रिकवरी कराने की मांग की है। चेतावनी दी गई है कि यदि समयबद्ध कार्रवाई नहीं हुई तो वे जिला मुख्यालय पर गांधीवादी तरीके से क्रमिक व आमरण अनशन करने को बाध्य होंगे।


