सीडीओ ने आठवें चरण के अभियान को दिखाई हरी झंडी, 8 सितंबर तक चलेगा विशेष टीकाकरण अभियान
महराजगंज। खुरपका-मुंहपका (एफएमडी) जैसे संक्रामक रोग से पशुओं की सुरक्षा और वर्ष 2030 तक भारत को एफएमडी मुक्त बनाने के राष्ट्रीय लक्ष्य को लेकर महराजगंज में विशेष टीकाकरण अभियान का शुभारंभ कर दिया गया।
विकास भवन परिसर से मुख्य विकास अधिकारी ने मोबाइल वेटरिनरी यूनिट और बहुद्देशीय सचल वाहनों को हरी झंडी दिखाकर अभियान की शुरुआत की तथा अधिकारियों को हर पात्र गोवंशीय और महिषवंशीय पशु तक पहुंचकर शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि खुरपका-मुंहपका रोग पशुओं की सेहत के साथ-साथ पशुपालकों की आजीविका पर भी गंभीर प्रभाव डालता है। इसलिए सभी टीकाकरण दल तय कार्यक्रम के अनुसार गांव-गांव और घर-घर पहुंचकर समयबद्ध ढंग से अभियान पूरा करें। उन्होंने प्रत्येक पशु की ईयर टैगिंग और भारत पशुधन पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण को भी अनिवार्य रूप से पूरा करने के निर्देश दिए।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एजाज अहमद ने बताया कि भारत सरकार वर्ष 2030 तक देश को खुरपका-मुंहपका रोग से मुक्त करने के लक्ष्य पर कार्य कर रही है। इसी के तहत जनपद में 22 जुलाई से 8 सितंबर 2026 तक विशेष अभियान चलाकर सभी गोवंशीय एवं महिषवंशीय पशुओं का निःशुल्क टीकाकरण किया जाएगा। इसके लिए प्रशिक्षित मोबाइल टीमें सीधे पशुपालकों के घर पहुंचेंगी।
उन्होंने बताया कि टीकाकरण के दौरान प्रत्येक पशु के कान में 12 अंकों का विशिष्ट ईयर टैग लगाया जाएगा और उसका विवरण भारत पशुधन पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा। पंजीकरण की प्रक्रिया ओटीपी आधारित होगी, इसलिए पशुपालकों से अपील की गई है कि मोबाइल पर प्राप्त ओटीपी टीकाकरण दल को उपलब्ध कराकर प्रक्रिया पूरी कराने में सहयोग करें।
डॉ. एजाज अहमद ने चार माह से अधिक आयु के सभी पात्र गोवंशीय एवं महिषवंशीय पशुओं, जिनमें बछड़ा, बछड़िया, पड़िया और पड़वा भी शामिल हैं, का अनिवार्य रूप से टीकाकरण कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि समय पर टीकाकरण से पशुओं की उत्पादन क्षमता सुरक्षित रहती है और पशुपालकों को आर्थिक नुकसान से बचाया जा सकता है।
उन्होंने बताया कि अभियान से संबंधित किसी भी जानकारी के लिए पशुपालक अपने निकटतम राजकीय पशु चिकित्सालय, टोल फ्री नंबर 1800-180-5141 अथवा जनपद कंट्रोल रूम 8765957962 पर संपर्क कर सकते हैं।
अभियान के शुभारंभ अवसर पर उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विनोद कुमार विश्वकर्मा, डॉ. सतीश कुमार वर्मा, जनपदीय नोडल अधिकारी डॉ. दिलीप कुमार सिंह सहित विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

